
मंत्रौषधि सुवर्णप्राशन
बच्चों के लिए प्राचीन आयुर्वेदिक प्रतिरक्षा और विकास कार्यक्रम
वेदलक्षणा गौ माता के आशीर्वाद से गौ वन सेवा धाम ने एक ऐतिहासिक पहल की है — 'मंत्रौषधि सुवर्णप्राशन' के माध्यम से हमारी आने वाली पीढ़ियों को एक सशक्त और संस्कारित जीवन देने की दिशा में पहला कदम।
यह औषधि कश्यप संहिता और विश्र्वनाथ गुरुजी के सिद्धांतों पर आधारित है, जो बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता, स्मरण शक्ति, मानसिक विकास और आचरण को संतुलित बनाती है।
🌱 यह सेवा गौ सेवा धाम, पंचकूला में जारी है
✨ यह सेवा केवल उपचार नहीं, सनातन धर्म की पुनर्स्थापना है।
⭐ पुष्य नक्षत्र क्यों महत्वपूर्ण है?
वैदिक ज्योतिष में, पुष्य नक्षत्र को सभी नक्षत्रों में सबसे पोषणकारी और शुभ माना जाता है। यह माना जाता है कि इस अवधि के दौरान कोस्मिक ऊर्जा औषधीय तैयारियों की प्रभावकारिता बढ़ाती है।
इस दिव्य अवधि के दौरान सुवर्ण प्राशन देने से बच्चे के स्वास्थ्य और विकास पर सबसे गहरा और स्थायी सकारात्मक प्रभाव पड़ता है।
🕉️ स्वर्णप्राशन संस्कार का मन्त्र
ॐ भू: त्वयि दधामि
ॐ भुवः त्वयि दधामि
ॐ स्वः त्वयि दधामि
ॐ भूः भुवः स्वः त्वयि दधामि
अर्थात
हे वत्स! तुम्हे तेज प्राप्त हो
हे वत्स! तुम्हे प्रभाव सत्ता प्राप्त हो
हे वत्स! तुम्हे ओज प्राप्त हो
🌿 सुवर्ण प्राशन के लाभ
प्रतिरक्षा वृद्धि
नियमित सेवन से मजबूत प्रतिरक्षा प्रणाली बनती है, जो बच्चों को सामान्य संक्रमणों से कम संवेदनशील बनाती है।
बुद्धि विकास
यह याददाश्त, बुद्धि और संज्ञानात्मक कार्यों को महत्वपूर्ण रूप से बढ़ाता है।
पाचन सुधार
सुवर्ण प्राशन चयापचय को सुधारने और स्वस्थ पाचन को बढ़ावा देने में सहायता करता है।
त्वचा पोषण
यह सूत्र त्वचा की रंगत और बनावट को बढ़ाने में मदद करता है।
समग्र विकास
यह समग्र अभ्यास बच्चे के समग्र शारीरिक और मानसिक विकास का समर्थन करता है।
📅 सुवर्ण प्राशन तिथियां 2026
वर्ष 2026 के लिए पुष्य नक्षत्र समय
| महीना | तिथि | दिन | पुष्य नक्षत्र समय |
|---|---|---|---|
| जनवरी | 4-5 | रवि-सोम | शुरू: 03:11 PM, 04 जन | समाप्त: 01:25 PM, 05 जन |
| फरवरी | 1 | रवि | शुरू: 01:34 AM, 01 फर | समाप्त: 11:58 PM, 01 फर |
| फरवरी-मार्च | 28 फर-1 मार्च | शनि-रवि | शुरू: 09:35 AM, 28 फर | समाप्त: 08:34 AM, 01 मार्च |
| मार्च | 27-28 | शुक्र-शनि | शुरू: 03:24 PM, 27 मार्च | समाप्त: 02:50 PM, 28 मार्च |
| अप्रैल | 23-24 | गुरु-शुक्र | शुरू: 08:57 PM, 23 अप्र | समाप्त: 08:14 PM, 24 अप्र |
| मई | 21-22 | गुरु-शुक्र | शुरू: 04:12 AM, 21 मई | समाप्त: 02:49 AM, 22 मई |
| जून | 17-18 | बुध-गुरु | शुरू: 01:37 PM, 17 जून | समाप्त: 11:32 AM, 18 जून |
| जुलाई | 15 | बुध | शुरू: 12:09 AM, 15 जुल | समाप्त: 09:46 PM, 15 जुल |
| अगस्त | 11-12 | मंगल-बुध | शुरू: 10:09 AM, 11 अग | समाप्त: 07:59 AM, 12 अग |
| सितंबर | 7-8 | सोम-मंगल | शुरू: 06:14 PM, 07 सित | समाप्त: 04:39 PM, 08 सित |
| अक्टूबर | 5 | सोम | शुरू: 12:13 AM, 05 अक्ट | समाप्त: 11:09 PM, 05 अक्ट |
| नवंबर | 1-2 | रवि-सोम | शुरू: 05:39 AM, 01 नव | समाप्त: 04:30 AM, 02 नव |
| नवंबर | 28-29 | शनि-रवि | शुरू: 12:50 PM, 28 नव | समाप्त: 10:59 AM, 29 नव |
| दिसंबर | 25-26 | शुक्र-शनि | शुरू: 10:50 PM, 25 दिस | समाप्त: 08:12 PM, 26 दिस |
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🌸 जय गोमाता! 🌸